राघवा नदी से स्कूटी मिलने के बाद खुला राज, आरोपी भाई की निशानदेही पर पुलिस ने बरामद किया शव
पूर्वी चंपारण जिले में एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। राघवा नदी से एक स्कूटी बरामद होने के बाद शुरू हुई जांच अब हत्या के खुलासे तक पहुंच गई है। प्रेम विवाह से नाराज भाई ने ही अपनी बहन के पति की हत्या कर शव को बगही चौर में दफना दिया था।
मृतक की पहचान साहेबगंज थाना क्षेत्र के अहियापुर बड़ा खुर्सेदा निवासी सुनील कुमार के रूप में हुई है। उनकी पत्नी शिल्पी कुमारी ने पहले ही अपने भाई सुमंत कुमार और अन्य पर अपहरण का मामला दर्ज कराया था।
कैसे खुला मामला?
17 अप्रैल को चकदरिया पुल के पास राघवा नदी से शिल्पी की स्कूटी बरामद हुई थी। इसके बाद पुलिस को संदेह गहराया। पूछताछ के दौरान हिरासत में लिए गए आरोपी सुमंत कुमार ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
खुदाई में मिला शव
मंगलवार को पुलिस टीम आरोपी की निशानदेही पर केसरिया थाना क्षेत्र के मनोहर छपरा गांव पहुंची। मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में बगही चौर में जेसीबी से खुदाई कराई गई, जहां से सुनील कुमार का शव बरामद हुआ। मौके पर एफएसएल टीम ने भी जांच की।
शव की पहचान मृतक की पत्नी शिल्पी कुमारी और स्थानीय मुखिया पति सुनील गुप्ता ने की।
प्रेम विवाह बना वजह
बताया जा रहा है कि शिल्पी कुमारी ने करीब ढाई साल पहले अपने परिवार की मर्जी के खिलाफ सुनील कुमार से प्रेम विवाह किया था। दोनों का एक साल का बच्चा भी है। इसी विवाह से नाराज होकर भाई सुमंत ने इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया।
घटना की पूरी कहानी
शिल्पी के अनुसार, 15 अप्रैल की रात करीब 9 बजे सुनील कुमार अपने साले सुमंत के बुलावे पर घर से निकले थे। इसके बाद वे लापता हो गए। सुमंत का मोबाइल भी बंद हो गया था, जिससे शक और गहरा गया।
पुलिस कार्रवाई जारी
फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए मोतिहारी भेज दिया गया है। साहेबगंज पुलिस आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है और पूरे मामले की गहन जांच जारी है। अन्य संभावित आरोपियों की तलाश भी की जा रही है।
निष्कर्ष:
यह मामला न सिर्फ एक क्रूर हत्या का है, बल्कि समाज में अब भी मौजूद प्रेम विवाह के प्रति कट्टर सोच को भी उजागर करता है, जहां रिश्तों की मर्यादा को भी दरकिनार कर दिया गया।

