मुजफ्फरपुर जिले में अपराध नियंत्रण और आम नागरिकों को बेहतर पुलिस सेवा उपलब्ध कराने की दिशा में पुलिस प्रशासन ने एक बड़ा और अहम कदम उठाया है। वरीय पुलिस अधीक्षक, मुजफ्फरपुर के निर्देश पर जिले में तीन नई विशेष पुलिस इकाइयों का गठन किया गया है, जिससे पुलिस कार्यप्रणाली और अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी हो सकेगी।
🔹 किन इकाइयों का हुआ गठन?
प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, जिले में निम्नलिखित तीन नई इकाइयाँ गठित की गई हैं—
वाहन बरामदगी इकाई (VBRU)
सांख्यिकी उपकरण बरामदगी इकाई
विशेष मादक द्रव्य एवं स्वापक पदार्थ आसूचना इकाई
इन इकाइयों का मुख्य उद्देश्य वाहन चोरी, मोबाइल गुमशुदगी, अवैध शराब व मादक पदार्थों की तस्करी जैसे संगठित अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाना है।
🔹 पुलिस-जनता समन्वय होगा और मजबूत
नई इकाइयों के गठन से पुलिस और आम जनता के बीच समन्वय और सहयोग को मजबूती मिलेगी। साथ ही, प्रशासनिक एवं जनहित से जुड़े मामलों के त्वरित और प्रभावी निष्पादन में भी सहायता मिलेगी।
🔹 वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी
इन सभी विशेष इकाइयों की कमान पुलिस निरीक्षक स्तर के अधिकारियों को सौंपी गई है। इन इकाइयों द्वारा की जाने वाली कार्रवाई का अनुश्रवण और विश्लेषण संबंधित नगर पुलिस अधीक्षक एवं ग्रामीण पुलिस अधीक्षक द्वारा किया जाएगा, जिससे कार्यों की जवाबदेही सुनिश्चित हो सके।
🔹 वाहन और मोबाइल बरामदगी के लिए विशेष अभियान
वाहन बरामदगी इकाई के माध्यम से जिले में चोरी और गुम हुए दोपहिया व चारपहिया वाहनों की बरामदगी हेतु विशेष अभियान चलाया जाएगा। वहीं, सांख्यिकी उपकरण बरामदगी इकाई तकनीकी माध्यमों से गुम या चोरी हुए मोबाइल फोनों की पहचान और बरामदगी सुनिश्चित करेगी।
🔹 आम नागरिकों के लिए आवेदन पत्र और गूगल फॉर्म
पुलिस ने आम जनता की सुविधा के लिए एक आवेदन पत्र एवं गूगल फॉर्म भी तैयार किया है, जिसके माध्यम से नागरिक अपने चोरी या गुम हुए वाहन अथवा मोबाइल से संबंधित जानकारी सरलता से पुलिस को उपलब्ध करा सकते हैं।
इसके अतिरिक्त, जिला नियंत्रण कक्ष का व्हाट्सएप नंबर 9431896700 भी जारी किया गया है, जिस पर संबंधित सूचनाएं साझा की जा सकती हैं।
🔹 कर्मचारियों और किरायेदार सत्यापन भी होगा तेज
जिले में किरायेदारों, घरेलू सहायकों और कर्मचारियों के सत्यापन की प्रक्रिया को भी सुदृढ़ किया गया है। इसके लिए सभी थाना एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों को आवश्यक प्रपत्र उपलब्ध कराए गए हैं।
साथ ही, कोचिंग संस्थानों, लॉज और हॉस्टलों में कार्यरत कर्मियों के सत्यापन पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है, ताकि छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
🔹 पारदर्शी और जवाबदेह पुलिसिंग की दिशा में कदम
पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह पहल पुलिस सेवाओं को अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी और जन-अनुकूल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
🔹 आमजन से अपील
मुजफ्फरपुर पुलिस ने जिलेवासियों से अपील की है कि वे इस नई व्यवस्था में पूर्ण सहयोग करें, ताकि कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सके और अपराध पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित हो।

