मुजफ्फरपुर जिले के मोतीपुर थाना क्षेत्र में तीन दिन पहले मिली एक लाश ने जिस सनसनीखेज कहानी को जन्म दिया, उसने रिश्तों की मर्यादा और इंसानियत—दोनों को झकझोर कर रख दिया है। सड़क किनारे संदिग्ध हालत में मिला शव अब एक सुनियोजित मर्डर मिस्ट्री बन चुका है, जिसका पर्दाफाश पुलिस ने कर दिया है।
मृतक की पहचान मकेश्वर पंडित के रूप में हुई थी। शुरुआत में मामला सामान्य हत्या का लग रहा था, लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, कहानी ने ऐसा मोड़ लिया जिसने हर किसी को हैरान कर दिया। पुलिस की पड़ताल में सामने आया कि यह हत्या किसी दुश्मनी का नहीं, बल्कि अवैध संबंधों की आग में सुलगती एक खतरनाक साजिश का नतीजा थी।
एसडीपीओ वेस्ट-2 सुचित्रा कुमारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में खुलासा करते हुए बताया कि इस हत्याकांड के पीछे मृतक के बेहद करीबी लोग ही शामिल निकले। पुलिस ने मृतक के बहनोई महेश पंडित और गांव के ही मुन्ना पंडित को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।
जांच में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि मुन्ना पंडित का मृतक की पत्नी के साथ प्रेम संबंध था। जब मकेश्वर पंडित को इस रिश्ते की भनक लगी, तो उसने मुन्ना का मोबाइल फोन तोड़ दिया। यही घटना हत्या की साजिश की शुरुआत बन गई।
मामला यहीं खत्म नहीं हुआ। पुलिस के अनुसार, महेश पंडित—जो मृतक का बहनोई है—वह भी इस अवैध संबंधों के जाल में उलझा हुआ था। दोनों ने मिलकर मकेश्वर को रास्ते से हटाने की ठान ली। इसके लिए उन्होंने एक शूटर को हायर किया और 2 अप्रैल की रात सुनियोजित तरीके से गोली मारकर हत्या करवा दी।
फिलहाल पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य शूटर अब भी फरार है और उसकी तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। यह हत्याकांड एक बार फिर यह सवाल खड़ा करता है—जब रिश्तों में भरोसा टूटता है, तो उसका अंजाम कितना खतरनाक हो सकता है?

