मुजफ्फरपुर | 23 दिसंबर 2025
शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 की धारा 12 (1) (सी) के तहत शैक्षणिक सत्र 2026-27 में कमजोर वर्ग एवं अलाभकारी समूह के बच्चों का नामांकन अब पूरी तरह ऑनलाइन माध्यम से किया जाएगा। राज्य सरकार ने इस प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, सरल और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से नामांकन की व्यवस्था लागू की है। इसके लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं और प्रक्रिया को Go Live कर दिया गया है।
इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्राथमिक शिक्षा एवं सर्व शिक्षा अभियान) सुजीत कुमार दास ने बताया कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम की मूल भावना के अनुरूप समाज के कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए यह ऑनलाइन व्यवस्था शुरू की गई है। इससे नामांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी, मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और पात्र बच्चों को निजी विद्यालयों में प्रवेश का समान अवसर मिलेगा।
नामांकन की समय-सारणी जारी
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने बताया कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से नामांकन की प्रक्रिया निम्नलिखित समय-सारणी के अनुसार संचालित होगी—
• प्रस्वीकृति प्राप्त निजी विद्यालयों द्वारा इनटेक कैपेसिटी व बेसिक जानकारी अपडेट करने की अवधि:
22 दिसंबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक
• छात्र पंजीकरण की अवधि:
2 जनवरी 2026 से 31 जनवरी 2026 तक
पंजीकृत छात्रों का सत्यापन:
3 जनवरी 2026 से 2 फरवरी 2026 तक
• सत्यापित छात्रों का ऑनलाइन विद्यालय आवंटन:
6 फरवरी 2026
• चयनित छात्रों का विद्यालय में नामांकन:
7 फरवरी 2026 से 21 फरवरी 2026 तक
उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी संबंधित विद्यालयों एवं अभिभावकों के लिए निर्धारित समय-सारणी का अक्षरशः पालन करना अनिवार्य होगा, ताकि नामांकन प्रक्रिया समय पर पूरी की जा सके।
अलाभकारी समूह एवं कमजोर वर्ग की परिभाषा
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी श्री दास ने बताया कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत—
• अलाभकारी समूह में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अत्यंत पिछड़ा वर्ग, ट्रांसजेंडर एवं अल्पसंख्यक समुदाय के वे बच्चे शामिल हैं, जिनके माता-पिता या वैधानिक अभिभावक की वार्षिक आय एक लाख रुपये तक हो।
• कमजोर वर्ग में सभी जाति एवं समुदाय के वे बच्चे शामिल हैं, जिनके माता-पिता या वैधानिक अभिभावक की वार्षिक आय दो लाख रुपये से कम हो।
इन दोनों श्रेणियों के पात्र बच्चों को निजी विद्यालयों में आरक्षित सीटों पर निःशुल्क शिक्षा प्रदान की जाती है।
आयु सीमा एवं पात्रता
शैक्षणिक सत्र 2026-27 में प्रवेश के लिए बच्चे की आयु 1 अप्रैल 2026 तक न्यूनतम 6 वर्ष होना अनिवार्य है। इसके साथ ही 2 अप्रैल 2018 से 1 अप्रैल 2020 के बीच जन्मे बच्चे प्रवेश के लिए पात्र होंगे। आयु सीमा का निर्धारण शिक्षा विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप किया गया है।
ज्ञानदीप पोर्टल से होगी पूरी प्रक्रिया
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने बताया कि नामांकन की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। अभिभावक http://gyandeep-rte.bihar.gov.in पोर्टल पर जाकर छात्र पंजीकरण, दस्तावेज अपलोड, सत्यापन एवं विद्यालय आवंटन से संबंधित सभी कार्य कर सकेंगे। विद्यालय आवंटन प्रक्रिया पूरी तरह रैंडम और पारदर्शी होगी, जिससे किसी भी प्रकार की अनियमितता की संभावना नहीं रहेगी।
व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश
उन्होंने बताया कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम की धारा 12(1)(सी) के तहत ऑनलाइन नामांकन प्रणाली के सफल क्रियान्वयन हेतु सभी संबंधित पदाधिकारियों, विद्यालयों एवं शिक्षा विभाग के कर्मियों को व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया गया है। पंचायत, प्रखंड एवं विद्यालय स्तर पर जागरूकता अभियान चलाकर अभिभावकों को नामांकन की जानकारी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी पात्र बच्चा केवल जानकारी के अभाव में नामांकन से वंचित न रह जाए।
शिक्षा के अधिकार की दिशा में अहम पहल
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सुजीत कुमार दास ने कहा कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन नामांकन की यह व्यवस्था शिक्षा के अधिकार अधिनियम की भावना को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे न केवल कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को निजी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का अवसर मिलेगा, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी।
उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे निर्धारित तिथि के भीतर पोर्टल पर अपने बच्चों का पंजीकरण कराएं और आवश्यक दस्तावेज समय पर उपलब्ध कराएं, ताकि प्रवेश प्रक्रिया में किसी प्रकार की असुविधा न हो।

