https://pagead2.googlesyndication.com/pagead/js/adsbygoogle.js?client=ca-pub-3863356021465505

मुजफ्फरपुर, सदर थाना के सुभाष नगर रोड नंबर आठ से व्यवसायी अविनाश चंद्र के 12 वर्षीय पुत्र बलवीर चंद्र उर्फ वीर को पुलिस ने सीतामढ़ी के रीगा थाना क्षेत्र से सकुशल मुक्त करा लिया है। अपहर्ता विक्रम गुप्ता को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। वह सीतामढ़ी जिले के नगर थाना क्षेत्र के ततमा टोली का रहने वाला है। उसकी निशानदेही पर वीर को एक आम के बगान से मुक्त कराया गया। पूछताछ व छानबीन के बाद शुक्रवार देर शाम बच्चे और अपहर्ता को लेकर सदर थाना के दारोगा राजेश कुमार राकेश मुजफ्फरपुर पहुंचे। सिटी एसपी राजेश कुमार और नगर डीएसपी रामनरेश पासवान ने पूछताछ की। कहा कि आरोपित को जेल भेजने की कवायद चल रही है।

बच्चा बिल्कुल ठीक है। इधर, पुलिस ने अपहर्ता की पत्नी को भी पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।

यह है मामला

बता दें कि तीन मार्च की शाम कोचिंग से वीर का अपहरण कर लिया गया था। उसके पिता ने सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसमें आरोपित पर संदेह जाहिर किया था। इसी आधार पर पुलिस टीम सीतामढ़ी पहुंची। स्थानीय थाना के सहयोग से छापेमारी कर नगर थाना क्षेत्र से विक्रम को गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर बच्चे को मुक्त कराया।

पत्नी से अलग रहता है आरोपित

वीर के मामा अनमोल कुमार ने बताया कि पूर्व में आरोपित की पत्नी और वीर की मां दोनों एक साथ हाजीपुर में पुलिस ऑफिस में डाटा ऑपरेटर के पद पर काम करती थीं। करीब पांच माह पूर्व नौकरी छोड़कर मुजफ्फरपुर आ गईं। यहीं पर दोनों प्राइवेट कंपनी में काम करने लगीं। आरोपित का पत्नी से संबंध बेहतर नहीं था। इसको लेकर दोनों के बीच हमेशा विवाद होता था। वह पत्नी से अलग रहता है। उसके साथ बेटा व पत्नी के साथ बेटी रहती है। आरोपित की पत्नी के व्यवसायी की पत्नी से अच्छे संबंध हैैं। दोनों सुभाष नगर में एक ही जगह रहती हैं।

बदला लेने की नीयत से किया अपहरण

आरोपित का कहना है कि पत्नी को व्यवसायी की पत्नी ने उसके खिलाफ भड़काया था। इससे दोनों के रिश्ते में दरार आ गई। इसका बदला लेने के लिए उसने वीर का अपहरण किया था।

बाइक से ले गया सीतामढ़ी

एक सप्ताह से आरोपित सुभाष नगर में रेकी कर रहा था। वीर के घर से निकलने का समय उसने पता कर लिया था। तीन मार्च की शाम को वह कोचिंग पहुंचा था। छात्र उस समय खेल रहा था। आरोपित ने उससे कहा कि तुम्हारी मौसी की तबीयत खराब है। जल्दी चलो। यह कहकर अपने साथ बाइक पर बैठाया और लेकर चला गया।

रोने पर दी थी धमकी

जब वह सीतामढ़ी की तरफ जाने लगा तो बच्चा रोने लगा। इस पर आरोपित ने डांट-फटकार करते हुए उसे धमकी दी। बच्चा काफी सहम गया और चुपचाप उसके साथ चला गया। आरोपित ने उसे अपने घर पर रखा। इसी बीच जब गुरुवार को मामले ने तूल पकड़ा और पुलिस की दबिश बढऩे लगी तो उसे आम के बगान में ले गया। वहां ले जाकर छोड़ दिया और कहा कि उसके माता-पिता को लेकर आते हैैं। बच्चा वहीं पर अकेला खड़ा रहा। इसी बीच पुलिस ने पहुंचकर उसे मुक्त करा लिया।

इनपुट : जागरण

7 thoughts on “मुजफ्फरपुर : उसने मेरा घर फोड़ा तो मैंने उसकी गोद उजाड़ने का किया निश्चय, जानिए प्रतिशोध की पूरी कहानी”
  1. Amazing! Your site has quite a few comment posts. How did you get all of these bloggers to look at your site I’m envious! I’m still studying all about posting articles on the net. I’m going to view pages on your website to get a better understanding how to attract more people. Thank you!

  2. you’re in reality a just right webmaster. The web site loading velocity is incredible. It sort of feels that you’re doing any distinctive trick. In addition, The contents are masterpiece. you’ve performed a great process on this topic!

  3. We absolutely love your blog and find the majority of your post’s to be exactly what I’m looking for. Do you offer guest writers to write content to suit your needs? I wouldn’t mind composing a post or elaborating on a number of the subjects you write about here. Again, awesome weblog!

  4. Great post. I was checking constantly this blog and I’m impressed! Very useful info specifically the last part 🙂 I care for such info much. I was looking for this certain information for a very long time. Thank you and good luck.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *